भारत प्राचीन काल से ही धार्मिक तथा सामाजिक और संस्कृति व्यवस्था में काफी सुदृढ़ और मजबूत रहा है इसलिए महिलाओं तथा कन्याओं पर होने वाले अत्याचार पर रोक लगाने के लिए उत्तर प्रदेश सरकार के द्वारा कन्या सुमंगला योजना (kanya sumangala yojana) का शुभारंभ 25 अक्टूबर 2019 को किया गया ताकि कन्याओं और महिलाओं को भी समाज में उचित सम्मान तथा शिक्षा के अवसर प्राप्त हो सके और उत्तर प्रदेश की महिलाएं और कन्याए भी आत्मनिर्भर बन सके और माता-पिता के कंधों का बोझ ना बने मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना के तहत 1 अप्रैल 2019 को या उसके बाद में जन्म लेने वाली कन्याओं को 6 चरणों में इस योजना का लाभ प्रदान किया जाता है जिसमें अलग-अलग धनराशि निर्धारित की गई है कन्या सुमंगला योजना का मुख्य उद्देश्य कन्याओं को उनके हक का सम्मान दिलाना है और समाज में फैली कुरीतियां जैसे बाल विवाह, कन्या भ्रूण हत्या, लिंग अनुपात में असमानता तथा महिलाओं का निम्न जीवन स्तर इन सभी कुरीतियों को समाप्त करने के लिए उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री श्री योगी आदित्यनाथ ने कन्या सुमंगला योजना का शुभारंभ किया ताकि समाज में स्त्रियों को और कन्याओं को भी सम्मान मिले और उनके प्रति लोगों की सकारात्मक भावनाएं जागृत हो इस योजना का लाभ सिर्फ एक परिवार में दो संतान होने पर ही मिलने का प्रावधान है इसके अलावा कुछ परिस्थितियों में तीन संतान होने पर भी इसका लाभ दिया जाता है जो हम यहां पर आपको विस्तार से बताने वाले हैं अतः कन्या सुमंगला योजना में कौन-कौन से लाभ प्राप्त होते हैं? तथा योजना के उद्देश्य क्या है? और कन्या सुमंगला योजना का ऑनलाइन आवेदन कैसे करना है? और पात्रता क्या होनी चाहिए? इत्यादि तमाम प्रश्नों के उत्तर जानने के लिए आर्टिकल को पूरा पढ़ें

मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना का संक्षिप्त विवरण (short details)
| विवरण | जानकारी |
|---|---|
| योजना का नाम | कन्या सुमंगला योजना (kanya sumangala yojana) |
| प्रदेश का नाम | उत्तर प्रदेश |
| योजना आरंभ तिथि | 25 अक्टूबर 2019 |
| योजना आरंभ करने वाले मुख्यमंत्री का नाम | श्री योगी आदित्यनाथ |
| लाभ लेने के लिए अधिकतम संतान की संख्या | 2 संतान |
| आवेदन की आधिकारिक वेबसाइट लिंक | mksy.up.gov.in |
| योजना में मिलने वाली कुल राशि | 6 चरणों में मिलाकर अधिकतम ₹25000 की राशि |
| योजना की पात्रता | उत्तर प्रदेश के ऐसे परिवार जिनके दो संतान से अधिक ना हो |
| आवश्यक दस्तावेज | आधार कार्ड, बच्ची की नवीनतम फोटो, माता-पिता और बच्ची की संयुक्त फोटो, अलग-अलग लाभ लेने के लिए प्रमाण पत्र |
| योजना के उद्देश्य | लड़कियों की शिक्षा में सुधार करना, लड़कियों को आत्मनिर्भर बनाना, लड़कियों के सम्मान में वृद्धि करना, भ्रूण हत्या पर रोक, लिंगानुपात में समानता बनाए रखना |
मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना के लाभ (profit of the schemes)
मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना का लाभ उत्तर प्रदेश सरकार के द्वारा छह चरणों में प्रदान किया जाता है जिस्म अलग-अलग समय पर अलग-अलग योजना का लाभ लेने के लिए उचित आवश्यक दस्तावेज और पात्रता होना आवश्यक है योजना के द्वारा 6 चरणों में जो लाभ मिलता है वह निम्नलिखित है
| चरण | बालिका की स्थिति | एकमुश्त राशि |
|---|---|---|
| प्रथम चरण | जन्म होने पर | 5000 रुपए |
| दूसरा चरण | 1 साल में संपूर्ण टीकाकरण होने के बाद | 2000 रुपए |
| तीसरा चरण | प्रथम कक्षा में प्रवेश करने के बाद | 3000 रुपए |
| चौथा चरण | छठी कक्षा में प्रवेश करने के बाद | 3000 रुपए |
| पांचवा चरण | नवी कक्षा में प्रवेश करने के बाद | 5000 रुपए |
| छठा चरण | 12वीं कक्षा उत्तीर्ण करने के बाद डिग्री या डिप्लोमा में प्रवेश लेने के बाद | 7000 रुपए |
कन्या सुमंगला योजना के अंतर्गत 6 चरणों में जो धनराशि प्राप्त होती है वह राशि कन्या के माता-पिता अथवा कन्या के बैंक अकाउंट में प्रदान की जाती है इस प्रकार से समय अनुसार 6 चरणों में कन्या सुमंगला योजना के अंतर्गत पत्र कन्याओं को इस योजना का लाभ प्रदान किया जाता है
कन्या सुमंगला योजना के उद्देश्य (Objectives of the scheme)
उत्तर प्रदेश सरकार के द्वारा राज्य के प्रत्येक परिवार की दो कन्याओं को कन्या सुमंगला योजना का लाभ प्रदान किया जाता है अतः सीधे तौर पर आप यह समझ सकते हैं कि इस योजना का सबसे बड़ा उद्देश्य यह है की जनसंख्या पर प्रतिबंध लगाया जा सके और इस प्रकार से कन्याओं को लाभ प्रदान करके उनके जीवन स्तर को सुधर जा सके उत्तर प्रदेश सरकार कन्याओं के उत्थान के लिए अनेक प्रयास कर रही है उन सभी प्रयासों में से कन्या सुमंगला योजना काफी प्रभावी रूप से कम कर रहा है कन्या सुमंगला योजना के कुछ प्रमुख उद्देश्य नीचे लिस्ट के माध्यम से दर्शाया गया है
- जनसंख्या वृद्धि पर नियंत्रण करना
- लिंगानुपात में समानता रखना
- बाल विवाह जैसी कुप्रथा का अंत करना
- कन्या भ्रूण हत्या को समाप्त करना
- कन्याओं के जीवन स्तर में सुधार लाना
- कन्याओं के हक का सम्मान देना
- कन्याओं को आत्मनिर्भर बनाना
- कन्याओं को सामाजिक कार्यों में योगदान देना
- समाज में कन्याओं के प्रति सकारात्मक सोच को प्रोत्साहन
- एक सुदृढ़ और जागरूक समाज की स्थापना
- कन्याओं के स्वास्थ्य में सुधार लाना
- कन्याओं को उचित शिक्षा के लिए प्रेरित करना
- कन्या के परिवार को आर्थिक सहयोग देना
- कन्याओं के भविष्य को उज्जवल बनाना
कन्या सुमंगला योजना की पात्रता (eligibility)
उत्तर प्रदेश में 2019 में लागू की गई कन्या सुमंगला योजना का लाभ उत्तर प्रदेश के लाखों कन्या परिवारों को मिल रही है अतः यह जानना बहुत ही आवश्यक है कि कन्या सुमंगला योजना का लाभ लेने के लिए क्या-क्या पात्रता आवश्यक है तथा कौन सभी कन्या के माता-पिता इस योजना का लाभ ले सकते हैं कन्या सुमंगला योजना के लिए कुछ पात्रता होना अनिवार्य है जो निम्नलिखित हैं
- परिवार उत्तर प्रदेश का स्थाई निवासी होना चाहिए
- एक परिवार में दो संतान ही होने चाहिए
- यदि प्रथम प्रसव के दौरान बालिका है और द्वितीय प्रसव के दौरान जुड़वा बालिकाओं का जन्म होता है तो ऐसी स्थिति में तीन बालिकाओं को इस योजना का लाभ मिल पाता है
- यदि प्रथम प्रसव में दो जुड़वा बच्चे हैं तथा द्वितीय प्रसव में यदि कन्या का जन्म होता है तो वह तीसरी संतान कन्या को इस योजना का लाभ मिलता है
- परिवार की वार्षिक आय 3 लाख या उससे कम होनी चाहिए
- कन्या का जन्म 1 अप्रैल 2019 से बाद का होना चाहिए
प्रत्येक चरण की पात्रता-
प्रथम चरण(first stage) -बालिका का जन्म 1 अप्रैल 2019 को या उसके बाद का हुआ हो और पंजीकरण कराया गया होना चाहिए
दूसरा चरण(second stage) – एक वर्ष में संपूर्ण टीकाकरण पूरा होना चाहिए और इसकी तिथि 1 अप्रैल 2020 के पहले का नहीं होना चाहिए
तीसरा चरण(third stage) -तीसरे चरण का लाभ पाने के लिए वर्तमान शैक्षणिक वर्ष में कक्षा प्रथम में प्रवेश हुआ होना चाहिए
चौथा चरण(4th Stage) -चौथे चरण का लाभ पाने के लिए वर्तमान शिक्षा सत्र में कक्षा 6 में प्रवेश हुआ होना चाहिए
पांचवा चरण(5th stage) -पांचवें चरण का लाभ पाने के लिए वर्तमान शिक्षा सत्र में कक्षा 9 में प्रवेश हुआ होना चाहिए
छठा चरण(6th stage)-छठे चरण का लाभ प्राप्त करने के लिए 12वीं पास होने के बाद वर्तमान शिक्षा सत्र में degree या diploma में प्रवेश हुआ होना चाहिए
कन्या सुमंगला योजना के आवश्यक दस्तावेज (documents)
कन्या सुमंगला योजना उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री के द्वारा प्रारंभ की गई है जिसके अंतर्गत अपने ऊपर के पोस्ट में पढ़ा की अलग-अलग समय पर अलग-अलग की राशि कन्याओं तथा उनके माता-पिता को प्रदान की जाती है ताकि कन्याओं का भी जीवन स्तर ऊंचा बना सके और कन्याओं की शिक्षा पर प्रोत्साहन मिल सके कन्या सुमंगला योजना का लाभ पाने के लिए कुछ आवश्यक दस्तावेज हैं जो की अलग-अलग समय पर अलग-अलग दस्तावेज आवश्यक है जो की 6 चरणों में इस योजना की राशि प्रदान की जाती है इसलिए छह चरणों के अलग-अलग दस्तावेज होना आवश्यक है
1- प्रथम चरण के दस्तावेज(first stage documents)
- बच्ची की पासपोर्ट साइज नवीनतम फोटो
- माता-पिता तथा बच्ची की संयुक्त फोटो
- जन्म प्रमाण पत्र
- निर्धारित प्रारूप पर शपथ पत्र
- आवेदक का बैंक पासबुक
2-दूसरा चरण का दस्तावेज (second stage documents)
- बच्ची की पासपोर्ट साइज नवीनतम फोटो
- माता-पिता तथा बच्ची की संयुक्त फोटो
- टीकाकरण कार्ड
- निर्धारित प्रारूप पर शपथ पत्र
- आवेदक का बैंक पासबुक
3-तीसरा चरण का दस्तावेज (third stage documents)
- बच्ची की पासपोर्ट साइज नवीनतम फोटो
- माता-पिता तथा बच्ची की संयुक्त फोटो
- कक्षा प्रथम में प्रवेश प्रमाण पत्र (वर्तमान शैक्षणिक सत्र का)
- निर्धारित प्रारूप पर शपथ पत्र
- आवेदक का बैंक पासबुक
4-चौथा चरण का दस्तावेज (4th Stage documents)
- बच्ची की पासपोर्ट साइज नवीनतम फोटो
- माता-पिता तथा बच्ची की संयुक्त फोटो
- कक्षा 6 में प्रवेश प्रमाण पत्र (वर्तमान शैक्षणिक सत्र का)
- निर्धारित प्रारूप पर शपथ पत्र
- बच्ची का आधार कार्ड
- आवेदक का बैंक पासबुक
5-पांचवा चरण का दस्तावेज (5th stage documents)
- बच्ची की पासपोर्ट साइज नवीनतम फोटो
- माता-पिता तथा बच्ची की संयुक्त फोटो
- कक्षा 9 में प्रवेश का प्रमाण पत्र (वर्तमान शैक्षणिक सत्र का)
- निर्धारित प्रारूप पर शपथ पत्र
- बच्ची का आधार कार्ड
- आवेदक का बैंक पासबुक
6-छठा चरण का दस्तावेज (6th stage documents)
- बच्ची की पासपोर्ट साइज नवीनतम फोटो
- माता-पिता तथा बच्ची की संयुक्त फोटो
- 12वीं पास की मार्कशीट
- डिग्री या डिप्लोमा प्रवेश शुल्क की रसीद
- निर्धारित प्रारूप पर शपथ पत्र
- बच्ची का आधार कार्ड
- आवेदक का बैंक पासबुक
मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया (online apply)
मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना का ऑनलाइन आवेदन कोई भी व्यक्ति अपने मोबाइल या अपने लैपटॉप के द्वारा बहुत ही आसानी से महिला एवं बाल विकास विभाग के आधिकारिक वेबसाइट पर जाकर कर सकता है और इस योजना का लाभ ले सकता है आता हुआ कौन सी प्रक्रिया है जिस प्रकार से मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना का आवेदन ऑनलाइन किया जा सकता है यहां पर हम आपको स्टेप बाय स्टेप पूरी जानकारी प्रदान करने वाले हैं
- सबसे पहले आपको महिला एवं बाल विकास विभाग के ऑफिशल वेबसाइट mksy.up.gov.in के होम पेज पर आ जाना है

- होम पेज पर आने के बाद आपको “नागरिक सेवा पोर्टल” वाले ऑप्शन पर क्लिक कर देना है
- अब आपको सबसे पहले रजिस्टर करने के लिए सभी terman and condition को alow करना है
- इसके बाद एक फॉर्म खुलकर आ जाएगा जहां पर आपको बच्ची के माता-पिता का नाम मोबाइल नंबर तथा बच्ची के साथ संबंध, जिला और वार्षिक आय तथा मैं उत्तर प्रदेश का निवासी हूं इस पर टिक कर देना है

- अंत में कैप्चा भरने के बाद में सेंड SMS OTP पर क्लिक करना है और मोबाइल नंबर पर प्राप्त ओटीपी के द्वारा इसे सत्यापित करना है
- इस प्रकार से आपका एक आईडी पासवर्ड तैयार हो जाएगा और आपकी रजिस्ट्रेशन प्रक्रिया पूर्ण हो जाएगी
- आवेदन करने के लिए अब आपको अपना आईडी पासवर्ड डालकर कैप्चर डाल देना है तथा लॉगिन हो जाना है
- लॉगिन होने के बाद बच्ची की संपूर्ण जानकारी तथा आवश्यक दस्तावेज को अपलोड करना है
- सभी जानकारी अपलोड करने के बाद माता-पिता के आधार को verify कर देना है
- अब आप पहली बच्ची का आवेदन करना चाहते हैं या दूसरी बच्ची का आवेदन करना चाहते हैं इसका चुनाव कर लेना है
- या चुनाव करने के बाद एक फॉर्म खुलकर आएगा जिस पर पहले की भरी हुई जानकारी अपने आप feelup हो जाएगी और कुछ जानकारी आपको भरना होता है
- अंत में “सबमिट” पर क्लिक कर देना है
- इसके बाद में बच्ची का भी आधार नंबर verify करना होगा
- अब एक apply का ऑप्शन खुल जाएगा जिस पर आपको क्लिक करके बच्ची को कौन से चरण का लाभ मिलने वाला है उसका चुनाव करना है और apply पर क्लिक कर देना है और इस प्रकार से आवेदन की प्रक्रिया पूरी हो जाती है
- और आपको एक आवेदन की receiving slip दी जाती है जिसे आप डाउनलोड करके रख सकते हैं और 30 दिनों से 90 दिनों के भीतर योजना की राशि आपके द्वारा अपलोड किए हुए खाता नंबर में डाल दिए जाते हैं
आपके प्रश्न (FAQ)
प्रश्न-कन्या सुमंगला योजना क्या है?
उत्तर-उत्तर प्रदेश सरकार ने कन्याओं के उत्थान तथा लिंगानुपात समानता को बनाए रखने के लिए तथा बाल विवाह और भ्रूण हत्या जैसे अत्याचार को समाप्त करने के लिए मुख्यमंत्री आदित्यनाथ के द्वारा इस योजना का शुभारंभ किया गया है जिसके तहत एक परिवार के अधिकतम दो कन्याओं को सुमंगला योजना के तहत अलग-अलग समय पर अलग-अलग राशि दी जाती है जो की छह चरणों में कुल मिलाकर ₹25000 की राशि प्रदान की जाती है|
प्रश्न-सुमंगला योजना का लाभ कौन ले सकता है?
उत्तर-उत्तर प्रदेश का निवासी अधिकतम दो बच्चियों के लिए यह लाभ ले सकता है और उन बच्चों का जन्म 1 अप्रैल 2019 के बाद का होना चाहिए इसके अलावा परिवार की वार्षिक आय तीन लाख से अधिक नहीं होनी चाहिए|
प्रश्न-कन्या सुमंगला योजना के लिए कौन से दस्तावेज आवश्यक हैं?
उत्तर-कन्या सुमंगला योजना के लिए बच्ची की नवीनतम फोटो तथा माता-पिता और बच्ची का संयुक्त फोटो, आधार कार्ड, बैंक पासबुक और अलग-अलग छह चरणों का योजना का लाभ लेने के लिए प्रत्येक चरणों में अलग-अलग प्रमाण पत्र जरूरी है जैसे जन्म के समय जन्म प्रमाण पत्र 1 साल बाद टीकाकरण कार्ड तथा प्रथम कक्षा में प्रवेश करने पर प्रथम कक्षा का प्रवेश प्रमाण पत्र छठवीं कक्षा में प्रवेश करने पर छठवीं कक्षा का प्रवेश प्रमाण पत्र तथा नवी कक्षा में नौवीं का प्रवेश प्रमाण पत्र तथा 12वीं के बाद 12वीं की मार्कशीट और डिग्री डिप्लोमा की प्रवेश शुल्क प्रति होना अत्यंत आवश्यक है|
प्रश्न-सुमंगला का पैसा कितने दिन में आता है?
उत्तर-सुमंगला का पैसा आवेदन करने के 30 दिनों से 90 दिनों के भीतर बैंक अकाउंट में आ जाता है|
प्रश्न-कन्या सुमंगला योजना में कितने रुपए मिलते हैं?
उत्तर-कन्या सुमंगला योजना में 6 चरणों में पैसे प्राप्त होते हैं अतः छह चरणों का लाभ लेने पर कुल मिलाकर ₹25000 का लाभ मिलता है|
प्रश्न-कन्या सुमंगला योजना 2026 के लिए ऑनलाइन आवेदन कैसे करें?
उत्तर-कन्या सुमंगला योजना 2026 का आवेदन करने के लिए कन्या सुमंगला आधिकारिक वेबसाइट के होम पेज पर जाकर नागरिक सेवा पोर्टल पर क्लिक करके रजिस्टर कर लेना है उसके बाद अपना आईडी पासवर्ड बना लेना है फिर आईडी पासवर्ड भरने के बाद सभी दस्तावेज अपलोड करने हैं और माता-पिता तथा बच्ची का आधार वेरीफाई करने के बाद आवेदन प्रक्रिया पूरा किया जा सकता है|
प्रश्न-कन्या सुमंगला योजना का लाभ किस प्रदेश के लोग ले सकते हैं?
उत्तर-कन्या सुमंगला योजना का लाभ उत्तर प्रदेश के लोग ही ले सकते हैं|